Breaking News News हिन्दी लेख 

धैर्य और साहस से निश्चित मिलेगी सफलता

गुलजार साहब ने लिखा है, “सोचता था दर्द की दौलत से एक मैं ही मालामाल हूं देखा जो ग़ौर से तो हर कोई रईस निकला।” इन चंद लाइनों के हर एक शब्द अपने आप में बहुत बड़ी बात कह रहे हैं। मनुष्य किसी ना किसी परेशानी का शिकार अवश्य होता है। वह परेशानी घर से जुड़ी हो सकती है, ऑफिस से या हमारे स्वास्थ्य से किसी ना किसी तरह की परेशानी से ग्रसित होने के कारण उसे यही लगता है कि मुझसे ज्यादा पीड़ित संसार में कोई भी नहीं है।…

Read More
राजपूताना शान Featured Article हिन्दी लेख 

राजपूताना शान है महाराणा प्रताप जी

राजपूताना शान महाराणा प्रताप हमारे देश के महान देशभक्तों में से एक थे। वह न केवल राजस्थान का गौरव थे बल्कि पूरे देश का अभिमान थे। वह मेवाड़ के महान शासक था। वे राणा उदय सिंह के पुत्र और महान राणा साँगा के पोते थे। महाराणा प्रताप जी एक महान योद्धा, एक बहादुर राजपूत और एक सच्चे देशभक्त थे। महाराणा प्रताप निस्संदेह, अपने समय के सबसे बहादुर सैनिक थे। उन्हेंकभी मौत का डर नहीं था। उन्होंने मुगलों की शक्तिशाली सेना के खिलाफ बहादुरी से लड़ाई लड़ी। वह सभी खतरों के…

Read More
कभी-कभी अकेला Featured Article हिन्दी लेख 

कभी-कभी अकेला लगता है …….

कभी-कभी अकेला लगता है यह सोचने में कि हमारे साथ तो बहुत लोग हैं लेकिन हम अकेला क्यों फील करते हैं ? अकेला फील करने की वजह यह है कि हम ऐकल्य होते हुए भी अकेलेपन को इंजॉय नहीं कर पाते. अकेलेपन को एंजॉय ना कर पाने का सबसे बड़ा कारण यह है कि हम खुद को अच्छी तरीके से जानते नहीं. हम खुद को पूरी तरीके से स्वीकार नहीं करते है. हम पूरी तरीके से यह नहीं मानते हैं कि हम भी अपने आप में एक शख्सियत है, हम…

Read More
यश ! .....लव यू ! Trending कविता हिन्दी लेख 

यश आई लव यू ! गुज़र चुके है दोस्त के लिए स्वतन

यश आई लव यू  !  दोस्त कह लो या भाई था तो अपना ही यश ! उसकी यादें और मेरी बातें, वो कहता था मुझसे अक्सर   यश आई लव यू  :  मुझसे अक्सर………..   “भाई तू मुझे भूल गया न “   आज जब वह छोड़के चला गया   तो मैं यही कहता हूँ कि – ” हाँ भाई मैं भूल गया तुझको , तो क्या छोड़के चला जायेगा मुझे ? “   और चला गया वो यारों का यार ……छोड़ पीछे अपनी यादें चार !   वो स्कूल…

Read More
जगन्नाथ मंदिर का रहस्य Featured Article Knowledge Trending हिन्दी लेख 

जगन्नाथ मंदिर का रहस्य आज भी

जगन्नाथ मंदिर का रहस्य : भारत देश मंदिरों का देश है । हिंदू धर्म के अनुसार सभी मंदिरों में चार धाम की मंदिर प्रमुख हैं। उड़ीसा के पुरी में स्थित भगवान श्री जगन्नाथ का मंदिर इन्हीं चार धामों में से एक है। इस मंदिर में भगवान जगन्नाथ उनकी बहन सुभद्रा व बड़े भाई बलभद्र विराजमान है। इस मंदिर का निर्माण सन 1078 से 1148 के बीच हुआ जिसे कलिंग के राजा अनंत वर्मन चूर्ण गंगदेव ने करवाया था। पौराणिक कथाओं के अनुसार  भगवान जगन्नाथ के हाथ नहीं हैं  बाकी उनके…

Read More
वो थी ही नहीं.......! Trending हिन्दी लेख 

वो थी ही नहीं…….!

वो थी ही नहीं…….! कैसे प्यार करता मैं उससे ? जब वो थी नहीं  ! इस बात का एहसास मुझे उस खूबसूरत शाम के बाद हुआ …… याद ऐसे  आती है   शनिवार  शाम ४:३५ बजे स्कूल लाइब्रेरी, व्हाईएमसीए   वो थी ही नहीं : पहला भाग राजेश जोसेप एक चश्मिश , शर्मीला पतली कदकाठी का युवक जो की पढ़ाई में टॉपर लेकिन पॉपुलर नहीं था लड़कियों के बीच | स्कूल का आखिरी दिन था आज तो उसने सोचा था की उसकी तरह एक मात्र पढ़ाकू लड़की निधि को वह…

Read More
अब वह टच चला गया था Trending हिन्दी लेख 

अब वह टच चला गया था

अब वह टच चला गया था : सुमित दिल्ली की अपनी ऑफिस ट्रिप से लौट कर आ चुका था उसे लगा था कि आज काजल उसे बाहों में लेकर ज़ोर से प्यार करेगी लेकिन इतना तय था कि आज कुछ बड़ा होने वाला है. काजल उसकी अब गर्लफ्रेंड नहीं उसकी वाइफ बन चुकी थी लेकिन इन पांच सालो का प्यार आज कम सा होता हुआ दिखाई क्यों पड़ रहा था ? आज सुमित ने पीछे से काजल को कास के पकड़ लिया तो काजल थोड़ी असहज सी हो गई मानो…

Read More
मुझे गांधी बिल्कुल नहीं पसंद Opinion Trending हिन्दी लेख 

मुझे गांधी बिल्कुल नहीं पसंद , जानना चाहोगे क्यों ?

मुझे गांधी बिल्कुल नहीं पसंद ,हो सकता है कि मेरी जानकारी कम हो,पर जितनी भी है वो बिल्कुल सटिक है,चाहे आप उसके लिये मुझे गाली ही क्यों न दो। ये पोस्ट मैं भगत सिंह के जयंती पे ही करना चाहता था पर कुछ जानकारी अधूरी जैसी लग रही थी,इसी वजह से आज लाल बहादुर शास्त्री के जयंती पे पोस्ट कर रहा हूँ। मुझे पता है कि गांधी वाली लाबी ठीक उसी तरह बड़ी है जैसे मोदी के अंधभक्त। भगत सिंह की प्रेरणा थे वीर सावरकर और गांधी भगत सिंह की…

Read More
खुद से मिल Opinion Trending हिन्दी लेख 

कभी खुद से मिल लिया करो कभी-कभार

कभी खुद से मिल लिया करो क्योंकि अच्छा लगता है पता है क्यों अच्छा लगता है ? अच्छा इस बात पर लगता है कि हम खुद के लिए समय ही नहीं निकालते हैं , यदि निकालते भी हैं तो दूसरों के लिए खुद के लिए कभी समय मिल भी गया तो वह जरूरत से कम हो जाता है| समय जरूरत से कम हो जाता है तो हम बचे हुए समय में से खुद के लिए समय निकालना भूल जाते हैंI याद आ भी जाए तो हम फिर किसी दूसरे काम…

Read More
मासूमियत झलकती है Featured Article News हिन्दी लेख 

मासूमियत झलकती है

उनकी झुर्रियां तजुर्बा बयां करती हैं लेकिन उनके हरकतों में मासूमियत झलकती है। उनके वह कांपते हाथ कोई धोखा नहीं है, सच्चाई कहते हैं उनकी झलकती मासूमियत की। आंखों देखा जब बस कंडक्टर को दिए जाने वाले किराए में हुए ₹2 की कमी पूरा करने के लिए वह बड़े ही मासूमियत से अपने झोले के सबसे नीचे रखे हुए पजामे की जेब को टटोलते हुए ₹100 की नोट लेकर कंडक्टर की घूरती आंखों को नम कर देते हैं जो 5 मिनट पहले यह देख रही थी कि वह बुजुर्ग जानबूझकर…

Read More