इस दिन से शुरू हो रहा सावन मास, क्या होता है महत्व, जानियें
इस साल यानि 2022 में 14 जुलाई के दिन से भगवान शिव का पवित्र सावन मास शुरू होने जा रहा हैं। वहीं, सावन महीने में भगवान शिव की पूजा आराधना खूब जमकर की जाती हैं। इससे इंसान के जीवन पर भोलेनाथ की कृपा बनी रहती हैं और इंसान को जीवन के सभी कष्टों से मुक्ति मिलती हैं। जिससे वह धीरे-धीरे समस्या से दूर हो जाता है। आज हम बात करने जा रहे है कि कैसे आप इन मंत्रों के द्वारा आप सावन मास में भगवान शिव की आराधना कर सकते है।
ये तीनों भगवान रहते है स्थित
धार्मिक मान्यताओं की मानें तो शिवलिंग के मूल में ब्रह्मा, मध्य में तीनों लोकों के ईश्वर श्री विष्णु तथा ऊपरी भाग में प्रणव संज्ञक महादेव रुद्र सदाशिव स्थित रहते हैं। जहां सावन महीने में इनके पास बैठकर ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करना बहुत लाभकारी माना जाता हैं। जिससे तमाम प्रकार की समस्याएं दूर हो जाती है।
ये मंत्र का है महत्व
जानकारी के लिए बता दें की सावन में शिव जी के इस मंत्र का जाप करना सभी रोग-दोषों से मुक्त करता है। साथ ही साथ जीवन में शांति भी लाता है। शिवपुराण के अनुसार, सावन महीने में ‘ॐ नम: शिवाय’ का जप का बहुत बड़ा महत्व होता है। इससे भगवान भोले शंकर बहुत जल्दी प्रसन्न हो जाते हैं।
खास बात
‘ॐ नम: शिवाय’ का जाप पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके कम से कम 108 बार हर दिन रुद्राक्ष की माला से करना चाहिए। जिससे इंसान तमाम तरह की सासांरिक मोह माया से दूर हो जाता है।

