एक साल और गुजर गया है इंतजार में, राखी के त्यौहार में
एक साल और गुजर गया है इंतजार में एक साल और गुजर गया है इंतजार में, मगर याद रखना, आज भी कोई कमी नहीं है तेरे भाई के प्यार में… मुझे मालूम है कि तुम आज मुझसे कितनी नाराज हो… मुझे मालूम है कि आज तुम भी नये कपड़े पहनी होगी, परी की तरह लग रही होगी.. लेकिन आज तुम चहक नहीं रही होगी… आज राखी का त्यौहार है, घर में चहलकदमी होगी “मामा” आये होंगे घर पर “पापा” बुआ के घर गये होंगे बुढ़िया बुआ भी दादा जी से मिलने…
Read More