सपना का चुनावी ड्रामा, कभी हां कभी ना के चक्कर में बढ़ गया कंफ्यूजन
हरियाणवी डांसर और सिंगर सपना चौधरी आज कल खूब सुर्खियां बटोर रही है। बता दे कि सपना का चुनावी ड्रामा देख कर तो लोग भी कंफ्यूज हो चुके है। दरअसल सबसे पहले सपना चौधरी को लेकर यह खबर आई थी कि वह कांग्रेस में शामिल हो चुकी है। यहाँ तक कि उन्होंने चुनावी फॉर्म भी भर दिया है। मगर बाद में सपना चौधरी ने खुद यह एलान कर दिया कि वह कांग्रेस पार्टी का हिस्सा नहीं है और न ही उन्होंने कांग्रेस पार्टी को ज्वॉइन किया है। अभी तक तो ये कंफ्यूजन खत्म नहीं हुआ था कि सपना कांग्रेस में है या नहीं, कि उन्होंने दोबारा कुछ नया कर दिया। जी हां उन्होंने मनोज तिवारी के साथ अपनी तस्वीर सोशल मीडिया पर शेयर कर दी।
सपना चौधरी का बड़ा बयान नहीं ज्वाइन किया है कांग्रेस पार्टी

सपना का चुनावी ड्रामा..
वही दूसरी तरफ अगर खबरों की माने तो ऐसा कहा जा रहा है कि कांग्रेस को मना करने के कुछ समय बाद ही सपना चौधरी ने बीजेपी अध्यक्ष मनोज तिवारी से मुलाकात की थी। जिसके बाद लोगो द्वारा यह अंदाजा लगाया जाने लगा कि वह बीजेपी में शामिल हो सकती है। मगर सपना चौधरी ने इस बात से भी इंकार कर दिया। जी हां सपना का कहना है कि वह बिना किसी चुनावी वजह के मनोज तिवारी से मिलने के लिए गयी थी।
कांग्रेस पार्टी ने जारी की उम्मीदवारों की चौथी सूची, जानिए कौन-कौन से नाम हैं शामिल
हालांकि तब तक सपना और मनोज तिवारी की तस्वीर वायरल हो चुकी थी। बता दे कि सपना का चुनावी ड्रामा केवल यही खत्म नहीं हुआ। आपको जान कर हैरानी होगी कि इस बार सपना चौधरी की माँ नीलम ने खुद इस बात का दावा किया है कि उनकी बेटी यूपी से नहीं बल्कि हरियाणा से चुनाव लड़ सकती है। मगर फ़िलहाल सपना किसी हिंदी गाने की शूटिंग करने में व्यस्त है।
बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह एम्स में भर्ती हुए, स्वाइन फ्लू से लड़ रहे है जंग
वही दूसरी तरफ उनकी माँ का ये भी कहना है कि उम्र के लिहाज से वह अभी दो साल तक तो चुनाव नहीं लड़ सकती। अब ऐसे में हम तो यही कहेंगे कि सपना चौधरी ने कभी हां और कभी ना के चक्कर में जरूरत से ज्यादा ही सुर्खियां बटोर ली।
राजनीती से जुडी हुई और भी मजेदार और लेटेस्ट न्यूज़ अब केवल India Alive पर

hello everyone, my name is Rajni Goyal. i am a writer but on the other side i love music. to be very frank i also even don’t know what i want to do in my life. लेकिन अगर अपनी भाषा मैं कहूं तो…. भटकती हुई मुसाफिर हूँ, मंजिल की तलाश है, जहाँ मंजिल दिख जाएँ वही लिखा हमारी किस्मत का असली आगाज है।



