नमामि गंगेBreaking News News politics 

मुख्यमंत्री योगी के साथ पैदल ही सीएसए कैंपस पहुंचे पीएम मोदी, ‘नमामि गंगे’ प्रोजेक्ट पर शुरू हुआ मंथन

हम सभी जानते हैं कि हमारे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी कानपुर पहुंचे हुए है, जहां पर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने उनका जोरो सोरों से स्वागत किया। विशेषरूप से बात करें तो यहां पीएम मोदी ‘नमामि गंगे’ प्रोजेक्ट की समीक्षा के लिए आए हुए हैं। अगर आपको याद होगा तो कुछ समय पहले पीएम मोदी ने यह प्रोजेक्ट शुरू किया था। पीएम मोदी जहां भी जाते हैं उनकी एक न एक बात लोगों के दिलों को छू ही लेती है, हर बार वो अपने व्यवहार से लोगों का मन जीत लेते हैं। हालांकि पीएम मोदी यहां हेलीकॉप्टर से सीएसए कॉलेज पहुंचे, जहां पर उन्होने चंद्रशेखर आजाद की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और इसके बाद वो योगी के साथ पैदल ही मीटिंग रूम तक पहुंचे।

नमामि गंगे प्रोजेक्ट पर करेंगे चर्चा

वहीं पीएम मोदी राष्ट्रीय गंगा परिषद के राष्ट्रीय कायाकल्प, संरक्षण और प्रबंधन की पहली बैठक की अध्यक्षता कर रहे हैं। जो कि चंद्रशेखर आजाद कृषि विश्वविद्यालय परिसर में बैठक हो रही है। बैठक में गंगा की निर्मलता और अविरलता पर मंथन किया जा रहा है। इस बैठक में करीब 5 राज्यों यूपी, उत्तराखंड, बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल में गंगा की स्थिति को लेकर मंथन कर रहे हैं, विशेष रूप से इन प्रदेशों में गंगा को निर्मल और अविरल बनाने के लिए अभी तक जो भी कार्य हुए हैं, पीएम मोदी उनकी समीक्षा करेंगे। इतना ही नहीं इसके बाद आने वाले समय में गंगा को स्वच्छ और उसके किनारों को सुंदर बनाने के लिए क्या-क्या किया जा सकता है, इसकी कार्ययोजना भी तैयार की जा रही है।

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इन सभी कार्यक्रम के दौरान शनिवार को ही सीएम योगी ने ट्वीट कर कहा कि, मां गंगा की धारा अब कानपुर के घाटों पर स्वच्छ और निर्मल है, जल आचमन के उपयुक्त हो गया है, ऐसा आपके विजन और मार्गदर्शन के बिना संभव नहीं था। इतना ही नहीं इसके अलावा सीएम ने इस बैठक में हिस्सा लेने वाले सभी अतिथियों, केंद्रीय मंत्रियों, विभिन्न प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों का भी आभार जताया और उनका स्वागत किया।

आपको यह भी बता दें कि इस बैठक के बाद पीएम मोदी सभी मंत्रियों व अधिकारियों के साथ मोटर बोट के जरिए गंगा का निरीक्षण करेंगे। जिस दौरान वो देखेंगे कि लंबे समय से चल रहे गंगा में गिरने वाले सीसामऊ नाले को मोड़ने में इस प्रोजेक्ट के जरिए सरकार कितनी सफल हो पाई है।

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