जम्मू कश्मीर के अनुच्छेद 370 पर इस देश ने दिया पाकिस्तान को मदद का भरोसा
भारत सरकार ने 5 अगस्त के दिन एक ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए जम्मू कश्मीर में 70 साल से लागू अनुच्छेद 370 और अनुच्छेद 35a को समाप्त कर दिया है। जम्मू कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा छीनने वाला विधेयक राज्यसभा में पास होने के बाद अब लोकसभा में भी पास हो गया। जिसके बाद अब जम्मू कश्मीर को मिलने वाला विशेष राज्य का दर्जा समाप्त हो गया है। जिस तरह से भारत में इस फैसले के बाद खुशी का माहौल है उसी तरह पाकिस्तान के नेता और वहां की जनता इस फैसले पर अपनी छाती पीट रही है।
पाकिस्तान के नेता भारत के खिलाफ लगातार बयान दे रहे हैं। वहां पर मीटिंगों का दौर जारी है। पाकिस्तान एक बार फिर से जम्मू कश्मीर के मसले को अंतरराष्ट्रीय समुदाय में उछालने लगा है। पाकिस्तान के द्वारा इस मुद्दे को उठाए जाने के बाद इन देशों ने पाकिस्तान को मदद का भरोसा दिया है।
इस देश में दिया पाकिस्तान को आश्वासन
दरअसल पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने मलेशिया के प्रधानमंत्री महाथिर मोहम्मद के साथ बातचीत के दौरान भारत द्वारा अनुच्छेद 370 को जम्मू कश्मीर से हटाए जाने को पूरी तरह से अवैध करार दिया है। उन्होंने मलेशिया के प्रधानमंत्री से कहा है कि भारत का यह कदम दो परमाणु सक्षम देशों के बीच तनाव को बढ़ाएगा। जिसके बाद मलेशिया के प्रधानमंत्री महाथिर मोहम्मद ने अगले महीने होने वाले संयुक्त राष्ट्र संघ के बैठक के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के साथ मिलकर एक आशावादी बैठक करने का निर्णय लिया है। इसके अलावा मलेशिया भी कहा है कि वह लगातार पाकिस्तान के साथ संपर्क में बना रहेगा।
पाकिस्तान का विश्व के सामने भीख मांगने का सिलसिला जारी
पाकिस्तान का एक बार विश्व के सामने भीख मांगने का सिलसिला फिर से जारी हो गया है। मलेशिया के अलावा पाकिस्तान ने तुर्की के राष्ट्रपति से भी कश्मीर मुद्दे पर बात की है। अमेरिका द्वारा मदद मांगी जाने पर अमेरिकी विदेश मंत्रालय द्वारा यह स्पष्ट कर दिया गया है कि आप भारत का आंतरिक मुद्दा है। पाकिस्तान भले ही अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सामने इस बात को उठा रहा हो मगर अभी तक पाकिस्तान को मदद देने से किसी भी देश ने पूरी तरह से खुद को आगे नहीं किया है।

मेरे लिखने का सभी के लिए भले कोई अर्थ नहीं होता..
मगर मेरा लिखना हर किसी के लिए व्यर्थ नहीं होता।



