मध्य प्रदेश में अब नयी व्यवस्था के तहत बनवा सकेंगे ड्राइविंग लाइसेंस, पढ़िये खबर
भोपाल सहित पूरे मध्य प्रदेश के सभी आरटीओ में ड्राइविंग लाइसेंस डीएल बनवाने की व्यवस्था अब बदल गई है। अब परिवहन विभाग की वेबसाइट पर लर्निंग व परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने का समय करीब एक घंटे बढ़ा दिया गया है। इसे लेकर परिवहन आयुक्त मुकेश कुमार जैन ने हाल ही में भोपाल सहित प्रदेश के सभी क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी आरटीओ और जिला परिवहन अधिकारी डीटीओ को निर्देश दिए थे, जिसके बाद नई व्यवस्था के तहत सुबह साढ़े 9 बजे से संबंधित क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय में लाइसेंस बनवाने का स्लॉट दिया जाने लगा है।

अपनी सुविधानुसार तारीख का कर सकते है चयन
इसके पहले परिवहन विभाग की वेबसाइट पर सुबह साढ़े 10 बजे से शाम साढ़े 5 बजे तक सिर्फ (सात घंटे) का ही स्लॉट दिया जाता था। नई व्यवस्था लागू होने से सुबह साढ़े 9 से शाम साढ़े पांच (आठ घंटे) का समय कर दिया है। इसके अलावा ऑनलाइन आवेदन करने पर आवेदक लाइसेंस का स्लॉट लेने के लिए अपनी सुविधानुसार तारीख का चयन कर सकते हैं। अतिआवश्यक होने पर तय तिथि से पहले भी आरटीओ की अनुमति से लाइसेंस बनवाने की सुविधा प्रदान की जाएगी।

ये दस्तावेज लगेंगे लाइसेंस के लिये
- एक पासपोर्ट साइज का फोटो
- मतदाता परिचय पत्र
- पासपोर्ट
- एलआइसी पॉलिसी
- आधार कार्ड इनमें से कोई एक दस्तावेज की छायाप्रति
- साथ ही जन्मतिथि के लिए दसवीं की अंकसूची
- पेन कार्ड मान्य होगा
लाइसेंस बनने का ये है प्रोसेस
परिवहन विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन करने पर निर्धारित शुल्क जमा करना होता है। जो तय समय में लर्निंग लाइसेंस के लिए संबंधित आरटीओ में जाकर टेस्ट देना होता है। इसमें ट्रैफिक नियमों से जुड़े सवाल पूछे जाते हैं। वहीं, परमानेंट ड्राइविंग लाइसेंस के लिए परिवहन अधिकारी के सामने दो व चार पहिया वाहन चलाकर दिखाया जाता है। फिर कंप्यूटर सिस्टम पर फोटो, फिंगर प्रिंट, जरूरी दस्तावेज लिए जाते हैं। तीन से सात दिन में संबंधित व्यक्ति को ड्राइविंग लाइसेंस जारी कर दिया जाता है।


