संसद में एनआईए बिल के दौरान आपस में भिड़ गए अमित शाह और असदुद्दीन ओवैसी
ऑल इंडिया मजलिसे इत्तेहादुल मुस्लिमीन के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की भाजपा से नाराजगी आज की नहीं है। बल्कि कोई भी ऐसा मौका नहीं बचता होगा जब ओवैसी साहब बीजेपी के साथ-साथ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विचारों और उनके नेताओं का विरोध करने से चूक जाएं। ऐसी ही कुछ घटना संसद में भी देखने को मिली। जब राष्ट्रीय जांच एजेंसी बिल यानी कि एनआईए बिल पेश करने के दौरान भारत के नए गृह मंत्री अमित शाह और असदुद्दीन ओवैसी आपस में ही भिड़ गए। यह पहला मौका नहीं है जब भाजपा और ओवैसी एक दूसरे पर आक्रामक हुए हों। इसके पहले भी आई एम आई एम ओवैसी भारतीय जनता पार्टी के नेताओं और उनकी नीतियों पर हमला बोलते आए हैं।
अमित शाह ने दे डाली ओवैसी को नसीहत
दरअसल अमित शाह और असदुद्दीन ओवैसी की बीच यह थी कि वह संसद में देखने को मिली भारत के गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में एनआईए बिल यानी कि राष्ट्रीय जांच एजेंसी बिल संसद में पेश किया। इसी दौरान बीजेपी नेता सत्यपाल सिंह राष्ट्रीय जांच एजेंसी बिल को लेकर संसद में अपनी बात रख रहे थे। इसी बीच असदुद्दीन ओवैसी बार-बार सत्यपाल सिंह को बोलकर रुक रहे थे। लोकसभा अध्यक्ष और सत्यपाल सिंह दोनों ही ओवैसी को बोलने से रोकने के लिए मना कर रहे थे मगर ओवैसी मान नहीं रहे थे। इसी कारण बीच में अमित शाह गुस्से से उठे और उन्होंने ओवैसी को उंगली दिखाते हुए कहा कि ओवैसी साहब सुनने की क्षमता रखिए ऐसा कैसे चलेगा?
इसके बाद संसद में अमित शाह और ए आई एम आई एम प्रमुख के बीच भी नोकझोंक देखने को मिली। ओवैसी ने पलटवार करते हुए कहा कि आप गृह मंत्री हैं तो डराइए मत ,जिसका जवाब देते हुए भारत के गृहमंत्री ने कहा कि मैं किसी को डरा तो नहीं रहा मगर यदि डर जहन में भरा हुआ है तो उसके लिए कुछ नहीं किया जा सकता।

मेरे लिखने का सभी के लिए भले कोई अर्थ नहीं होता..
मगर मेरा लिखना हर किसी के लिए व्यर्थ नहीं होता।



