राम मंदिर निर्माण के मांग को संघ ने फिर से दोहराया
संघ एकबार फिर से राम मंदिर निर्माण के मांग को दोहराया है| जिसकी वजह से राम मंदिर को लेकर सियासत में एकबार फिर से गर्मी आयी है| ऐसा माना जाता है कि भारतीय जनता पार्टी हमेसा से संघ के सलाह को मानती आयी है|
संघ के सरकार्यवाह डॉ. मनमोहन वैद्य ने कहा है कि जिस तरह से सरदार पटेल ने सोमनाथ का पुनर्निर्माण कराया था ठीक उसी तरह से राम मंदिर का निर्माण होना चाहिए| उन्होनें कहा कि सरकार को राम मंदिर को लेकर कानून बनना चाहिए और अयोध्या का जमीन राम मंदिर निर्माण के लिए हिन्दुओं को दे देना चाहिए|
अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की बैठक में पत्रकारों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अदालत को इस मुद्दे को इतना ज्यादा नहीं खींचना चाहिए था| यह मुद्दा न हिन्दू- मुस्लिम का है और न ही मंदिर-मस्जिद का| यह मुद्दा भारत के गौरव का है| जब बाबर ने अयोध्या में आकर्मण किया तो ऐसा नहीं था कि अयोध्या में नमाज पढ़ने के लिए जमीन नहीं थी| अयोध्या में इतनी जमीन थी कि वहा पर मस्जिद बनाया जा सकता था लेकिन बाबर ने आक्रमण करके मस्जिद का निर्माण कराया|
पुरातत्व विभाग के खुदाई से यह सिद्ध हो गया है कि यहाँ पर मंदिर था| इस्लामिक बुद्धिजीवियों के अनुसार कब्ज़ा किया हुआ जमीन पर नमाज़ नहीं अदा करना चाहिए| सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुनाया है कि नमाज पढ़ने के लिए किसी जगह विशेष की आवश्यकता नहीं है| नमाज आप कहीं भी पढ़ सकते है|
संघ
मनमोहन वैद्य ने कहा कि देश में लेह-लद्दाख से लेकर त्रिपुरा और अंडमान तक संघ की 55,000 शाखाएं लगने वाली है| जो देश के 850 जिलों से ज्यादा में काम कर रही है|
डॉ. मनमोहन वैद्य ने जोर देते हुए कहा कि सरकार को जल्द से जल्द राम मंदिर निर्माण को लेकर कानून बनाना चाहिए और अयोध्या की वह जमीन हिन्दुओं को देकर एकता की एक मिसाल खड़ी करना चाहिये|



Bharat Sarkar ki Bhumi adhikaran will pass kar aana hi hoga