पांच साल में देश में नक्सली हिंसा की 5,960 घटनाएं घटीं
देश में पांच वर्षों से कुछ अधिक समय में नक्सली हिंसा की 5960 घटनाएं घटी जिसमें 1221 नागरिक, 455 सुरक्षाकर्मी तथा 581 नक्सली मारे गए। सूचना का अधिकार (आरटीआई) के तहत गृह मंत्रालय के वामपंथी चरमपंथ प्रकोष्ठ से मिली जानकारी के मुताबिक, साल 2012 से 28 अक्तूबर 2017 तक वामपंथी चरमपंथ हिंसा के चलते देश में 91 टेलिफोन एक्सचेंज और टावर को निशाना बनाया गया। इस अवधि के दौरान 23 स्कूल भी नक्सलियों के निशाने पर रहे।
आरटीआई से मिली जानकारी के मुताबिक 2015 में वामपंथी चरमपंथी हिंसा की 1089 घटनाएं घटीं जिसमें 171 नागरिक मारे गए, 59 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए और 89 नक्सलियों को मार गिराया गया। इस साल नक्सलियों ने 19 टेलिफोन एक्सचेंज, टावर और 3 स्कूलों को निशाना बनाया। साल 2016 में देश में इस तरह की 1048 घटनाएं घटीं जिसमें 213 नागरिक मारे गए, 65 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए और 222 नक्सली मार गिराए गए। इस प्रकार से पिछले पांच सालों में 2016 में सबसे अधिक 222 नक्सली मारे गए।
2017 में 28 फरवरी तक में वामपंथी चरमपंथी हिंसा की 181 घटनाएं घटीं जिसमें 32 नागरिक मारे गए, 14 सुरक्षाकर्मी शहीद हुए, 33 नक्सली मारे गए। इस साल नक्सलियों ने 2 टेलिफोन एक्सचेंज और टावर को निशाना बनाया। इस आरटीआई में बीते पांच सालों में नक्सली हिंसा में कितने आम नागरिक मारे गए, कितने सुरक्षा कर्मी शहीद हुए आदि की जानकारी मांगी गई थी।

