करारी हार के बाद भी मुख्तार अब्बास नकवी को मिला कैबिनेट मंत्री का पद
30 मई को देश के प्रधानमंत्री के रूप में माननीय श्री नरेंद्र दामोदरदास मोदी जी ने दूसरी बार शपथ ग्रहण की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनके 57 मंत्री भी थे जो कि मंत्रिमंडल में शामिल हुए। इन 57 मंत्रियों में से 24 मंत्रियों को केंद्रीय कैबिनेट में शामिल किया गया। वहीं अन्य मंत्री राज्य मंत्री के प्रभार में शामिल किए गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस कैबिनेट में एक ऐसा चेहरा भी है जिसे मुरादाबाद मंडल से करारी हार का सामना करना पड़ा। मुरादाबाद मंडल से करारी हार के बाद भी मुख्तार अब्बास नकवी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के केंद्रीय कैबिनेट में शामिल किया गया। इसके पहले के कार्यकाल में मुख्तार अब्बास नकवी को राज्यमंत्री का पद मिला हुआ था।
करारी हार के बाद भी शामिल हुए मंत्रिमंडल में
दरअसल मुरादाबाद मंडल के नेतृत्व करने के कारण और एक मुस्लिम चेहरा होने के कारण शायद मुख्तार अब्बास नकवी को मंत्रिमंडल में शामिल किया गया। जिस प्रकार मुरादाबाद मंडल की सभी 6 सीटों पर भारतीय जनता पार्टी को करारी हार मिली है। उसके बाद इस मंडल के लोगों को कतई उम्मीद नहीं थी कि इस मंडल से बीजेपी के किसी नेता को केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया जाएगा। मगर क्योंकि इस मंडल पर बीजेपी को हार मिली थी ऐसे में किसी एक व्यक्ति को कैबिनेट में शामिल किया जाना आवश्यक था। ताकि यहां का विकास रुकने ना पाए। ऐसे में मुख्तार अब्बास नकवी का चेहरा सामने आया और उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल कर लिया गया।
रामपुर में प्रभाव जमाएगी भाजपा
मुरादाबाद मंडल के अंदर ही रामपुर की सीट आती है। यहां पर मुस्लिम जनसंख्या काफी अधिक है। बीजेपी ने इस बार यहां से जयाप्रदा को प्रत्याशी के तौर पर उतारा था। मगर उन्हें आजम खान के हाथों हार का सामना करना पड़ा। जिसके कारण रामपुर और आसपास के क्षेत्रों में बीजेपी कार्यकर्ताओं में निराशा का माहौल बन गया था। मगर अब नकवी जी को मंत्रिमंडल में पद होने के कारण रामपुर और आसपास के मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में बीजेपी अपना प्रभाव जमाने का प्रयास करेगी।

मेरे लिखने का सभी के लिए भले कोई अर्थ नहीं होता..
मगर मेरा लिखना हर किसी के लिए व्यर्थ नहीं होता।



