सूर्य देव को इस तरह चढ़ाएं जल, मनचाही सफलता की होगी प्राप्ति
जैसा कि हम सभी जानते है कि सूर्य देव जगत के आधार माने जाते है। वहीं, ब्रहमांड में जीवन और वनस्पतियां सूर्य के प्रकाश से ही जीवित रहती है। मानव जीवन का मूल आधार सूर्य है। धार्मिक ग्रथों में वर्णित है कि सूर्य देव की विधि विधान से पूजा अर्चना करने से जीवन में मनचाही सफलता प्राप्त होती है। सप्ताह का दिन रविवार सूर्य देव समर्पित है। इस दिन नियम पूर्वक सूर्य की पूजाकरने से जीवन में बदलाव आता है।
ये होता है दिन
क्या आप ये जानते है कि रविवार के दिन सूर्य की पूजा और मंत्रों का जाप करने से सूर्य देव प्रसन्न होते हैं। सूर्य पूजन के लिए तांबे के लोटे में स्वच्छ जल , लाल चंदन और लाल फूल ड़ाल कर ॐ सूर्याय नमः मंत्र का जप करते हुए सूर्य को प्रणाम करें। तांबे की थाली में दीपक और लोटा रख लें। लोटे से सूर्य देवता को जल चढ़ाएं। सूर्य मंत्र का जप करते रहें। अर्घ्य समर्पित करते समय नजरें लोटे के जल की धारा की ओर रखें।
भगवान की करें आरती
इसके बाद जल की धारा में सूर्य का प्रतिंबिंब एक बिंदु के रूप में जल की धारा में दिखाई देगा। सूर्य देव की आरती करें। सात प्रदक्षिणा करें व हाथ जोड़कर प्रणाम करें। उगते हुए सूर्य को प्रणाम और दर्शन करने से हमारे शरीर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। हमारी दिनचर्या नियामत बनती है। कारोबार में सफलता प्राप्त होती है।
इन मंत्रों का करें जाप
सूर्य की कृपा से हमें आरोग्य, धन, समृद्धि, बुद्धि और सफलता मिलती है।
ॐ ह्रीं ह्रीं सूर्याय नमः
ॐ घृणि सूर्याय नमः
ॐ मित्राय नमः
ॐ सूर्याय नमः

