नवरात्र के तीसरे दिन होती है मां चंद्रघंटा की पूजा, पापों का होता है नाश
नवरात्र का पर्व चल रहा है। जहां ऐसे में नवरात्र में मां के तीरसे रूप मां चंद्रघंटा को आज का दिन समर्पित है। जहां यह रूप मां दुर्गा के नौ रूपों मे से एक तीसरे रूप मां चंद्रघंटा स्वरूप की पूजा-अर्चना आज की जाएगी। जहां मां चंद्रघंटा पापों का नाश और राक्षसों का वध करती हैं।
पूजा के बाद लगाए थोड़ी देर ध्यान
वहीं, अगर आप तीसरे दिन देवी चंद्रघंटा की आराधना करने के लिए सबसे पहले पूजा के स्थान पर देवी की मूर्ति की स्थापना करें इसके बाद इन्हें गंगा जल से स्नान कराएं और फिर इसके बाद धूप-दीप, पुष्प, रोली, चंदन और फल-प्रसाद से देवी की पूजा करें। जिसके बाद अब वैदिक और संप्तशती मंत्रों का जाप करें और मां के दिव्य रुप में ध्यान लगाएं। जहां ध्यान लगाने से आप अपने आसपास सकारात्मक उर्जा का संचार महसूस कर सकेंगे।
यह भोग लगाने से मां होती है प्रसन्न
आपको बता दें कि नवरात्र के तीसरे दिन अगर कन्याओं को खीर, हलवा और स्वादिष्ट मिठाई भेंट की जाए तो मां बेहद प्रसन्न हो जाती हैं।तो ऐसे में आज के दिन मां चंद्रघंटा को प्रसाद के रूप में गाय के दूध से बनी खीर का भोग लगाया जाता है। ऐसा करने से व्यक्ति हर बाधा से मुक्त हो जाता है और जल्दी कभी कोई परेशानी नहीं आती।

