कोलकाता की चार ऐतिहासिक इमारतों का प्रधानमंत्री ने किया जीर्णोंद्धार
कोलकाता की चार ऐतिहासिक इमारतों के स्वरूप को ज्यों का त्यों बनाए रखकर प्रधानमंत्री के निर्देश में संस्कृति मंत्रालय ने उनका जीर्णोंद्धार किया। इन इमारतों में ओल्ड करेंसी, बिल्वेडियर हाउस, मेटकाॅफ हाउस, विक्टोरिया मेमोरियल हॉल शामिल है। आपको बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशन में संस्कृति मंत्रालय मेट्रो शहरों के पास देश की ऐतिहासिक इमारतों और ऐतिहासिक स्थलों का विकास कर रहा है।
कोलकाता की चार ऐतिहासिक इमारतों के साथ- साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अर्धनारीश्वर कलाकृति का भी अनावरण किया। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि ब्रिटिश शासन काल के दौरान तथा स्वतंत्रता के इतने सालों के बाद भी देश की ऐतिहासिक धरोहरों को नजरअंदाज किया जाता रहा।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुदेव टैगोर द्वारा 1903 में लिखे हुए एक लेख का जिक्र करते हुए कहा,” उन्होंने कहा था कि भारत का इतिहास वह नहीं है जो हम परीक्षाओं के लिए पढ़ते और उसे याद करते हैं। कुछ लोग बाहर से आए पिता बेटे की हत्या करता रहा, भाई-भाई को मारता रहा, सिंहासन के लिए संघर्ष होता रहा। यह भारत का इतिहास नहीं है।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि इसे इतिहास में उस बात का तो जिक्र ही नहीं है कि उस समय भारत के लोग और नागरिक क्या कर रहे थे? क्या उनका कोई अस्तित्व ही नहीं था? टैगोर द्वारा लिखे हुए एक उदाहरण का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि चाहे जितना भी तूफान आए उससे ज्यादा अहम यह होता है कि संकट के समय वहां के लोगों ने उस समय का सामना कैसे किया?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश की परंपरा और पर्यटन भारतीयों के पहचान से जुड़ी हुई है। केंद्र सरकार भारत के सांस्कृतिक सामर्थ्य को नए रंग रूप में दिखाने का प्रयास कर रही है।

