गुजरात के दंगों पर सेकी जा रही है राजनीतिक रोटी?
गुजरात में दंगे थमने का नाम नहीं ले रहे हैं 14 साल की बच्ची से रविवार की घटना के बाद वह रहने वाले उत्तर प्रदेश और बिहार के लोगों को निशाना बनाया जा रहा है जिसके वजह से उत्तर भारत के लोग जो गुजरात में रहते हैं वहां से पलायन कर रहे हैं ।
गौरतलब है कि पलायन करने के विषय में माइग्रेंट वर्कर्स के संगठन उत्तर भारतीय विकास परिषद के अध्यक्ष ने बताया है कि दो जून की रोटी कमाने के लिए उत्तर प्रदेश और बिहार से लगभग 50000 से ज्यादा लोग अब अपने घर जाने के लिए मजबूर हो गए है । दूसरी तरफ गुजरात प्रशासन का कहना है कि यूपी और बिहार में रहने वाले लोग गुजरात के दंगों से प्रभावित नहीं है बल्कि अपने घर त्यौहार मनाने जा रहे हैं । वे दंगों से प्रभावित होकर अपने घर पलायन नहीं कर रहे हैं ।
गुजरात के दंगे के मामले को लेकर सियासत भी तेज हो गई है भारतीय जनता पार्टी और जेडीयू ने इसके लिए कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है । उनका कहना है कि कांग्रेस इस समय 2019 के चुनाव को ध्यान में रखकर दंगे करवा रही है । दूसरी तरफ विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने इस मामले पर ध्यान केंद्रित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से जवाब मांगा है ।
गुजरात में बिहार के लोगों की स्थिति को देखकर बिहार की सरकार ने सोमवार को कांग्रेस को पत्र लिखकर वहां के विधायक अल्पेश ठाकुर को इस पूरे घटना के लिए जिम्मेदार घोषित किया । जेडीयू ने अपने पत्र में कांग्रेस से सीधा सवाल किया है कि कांग्रेस के लोगों को बिहार के लोगों से इतनी नफरत आपसे किस लिए है । वहीं गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा है कि पुलिस मामले में पुरूष और कार्यवाही कर रही है और जल्दी सारे मामले शांत हो जाएंगे ।
वहीं भारतीय जनता पार्टी की तरफ से गिरिराज सिंह ने कहा कि यह कांग्रेस की एक सोची-समझी राजनैतिक रणनीति है । जिसकी वजह से गुजरात के लोग उत्तर प्रदेश और बिहार के लोग बेवजह मारे जा रहे हैं । कांग्रेस पूरे देश का खंडन करना चाहती है । उन्होंने कहा कि यह सारे दंगे अल्पेश ठाकुर की सेना करा रही हैं । वही अल्पेश ठाकुर ने कहा है कि हम अपनी पूरी कोशिश कर रहे हैं कि हिंसा को बढ़ने से रोका जाए । हम नहीं चाहते कि राज्य में किसी भी प्रकार की कोई विपदा आये ।

