Breaking News 

देश के कई राज्यों में आई बाढ़ से अब तक 937 की मौत

देश के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश और बाढ़ का कहर जारी है. असम, बिहार, उत्तर प्रदेश सहित महाराष्ट्र के मुंबई में आफत की बारिश और बाढ़ से जन जीवन अस्त व्यस्त हो गया है. उत्तर प्रदेश में जारी बाढ़ के प्रकोप से मरने वालों की संख्या बढ़कर 103 हो गई है जबकि बिहार के कई इलाकों में पानी का स्तर कम होने से स्थिति में पहले से सुधार हो रहा है. इसके अलावा असम और पश्चिम बंगाल में सैलाब की स्थिति में काफी सुधार देखने को मिल रहा है.

मुंबई में 10 की मौत
मूसलाधार बारिश के चलते आई बाढ़ से मुंबई, पालघर और ठाणे में अब तक कम से कम 10 लोगों के मारे जाने की खबर है. यहां अगल अलग इलाकों नौ लोग बह गए हैं जबकि पालघर और ठाणे जिले में दो लोग डूब गए. वहीं मुंबई के घाटकोपर इलाके में एक दीवार गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई. मुंबई में राहत के लिए एनडीआरएफ की 10 टीमें भेजी गई हैं.

बिहार में 514 की मौत
वहीं बिहार में आई बाढ़ का भयंकर रूप देखने को मिला. बिहार के अलग-अलग इलाकों में बाढ़ से 514 लोगों की मौत हो चुकी हैं. पानी कम होने के बाद लोगों ने घरों की ओर लौटना शुरू कर दिया है. हालात धीरे-धीरे सामान्य हो रहे हैं.

उत्तर प्रदेश में 103 की मौत
उत्तर प्रदेश के पूर्वी हिस्से में आई बाढ़ के चलते राज्य के 27 लाख से ज्यादा लोग बुरी तरह प्रभावित हैं. नेपाल से निकलने वाली नदियों ने राज्य के पूर्वी इलाकों को जलमग्न कर दिया है. बुधवार को आई रिपोर्ट में दावा किया गया कि प्रभावित जिलो में स्थापित किए गए राहत शिविरों में करीब 60,000 लोग रह रहे हैं. उत्तर प्रदेश में बाढ़ से मरने वालों की संख्या 103 हो गई है. राज्य में 24 जिलों के 3,133 गांव जलमग्न हैं. राज्य के बाढ़ प्रभावित जिलों के बुरी तरह से प्रभावित इलाकों में सेना के हेलीकॉप्टर, एनडीआरएफ, पीएसी (बाढ़) के कर्मी 24 घंटे राहत एवं बचाव के काम में लगे हुए हैं.

पश्चिम बंगाल में 152 की मौत
पश्चिम बंगाल अभी बाढ़ से पूरी तरह उबर नहीं पाया है. राज्य के उप हिमालयी हिस्सों में बुधवार से काफी भारी बारिश की आशंका जताई है. राज्य के उत्तरी और दक्षिणी हिस्से के 11 जिलों में बाढ़ ने 152 लोगों की जान ले ली है.

असम में 158 की मौत
असम में बाढ़ की स्थिति पहले से बेहतर हुई है. हालांकि मोरीगांव जिले में एक और व्यक्ति की मौत से यहां तीसरी बार आई बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 74 हो गई. राज्य के चार जिलों में करीब एक लाख से अधिक लोग अब भी बाढ़ से प्रभावित हैं. इस साल बाढ़ संबंधी घटनाओं में अब तक 158 लोगों की मौत हो चुकी है. रिपोर्ट्स के मुताबिक मोरीगांव में सबसे अधिक 55,500 लोग और नौगांव में करीब 43,000 लोग बाढ़ से प्रभावित हैं. एएसडीएमए ने बताया कि फिलहाल 288 गांव जलमग्न हैं और लगभग 12,000 हेक्टेयर फसल क्षेत्र में बाढ़ आ गई है.

दावा किया जा रहा है कि पांच जिलों में करीब 70 राहत शिविरों और वितरण केंद्रों का संचालन किया जा रहा है, जहां अभी 21,049 लोगों ने आश्रय लिया है. गोलिहाट के नुमालीगढ़, कटखल में धनसीरी नदी, हैलकांडी में मातिजुरी और करीमगंज शहर में कुशीयारा अभी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है.

Related posts

Leave a Comment