झारखंड चुनाव में चर्चा में थी एक ही घर की दो बहुएं, जेठानी पर भारी पड़ी देवरानी
झारखंड में जो इस बार का चुनाव हुआ इस दौरान कई सारी बातें चर्चा में रही जिसमें से इस चुनाव के दौरान धनबाद की झरिया विधानसभा सीट भी खासी लोकप्रिय रही। जी हां अगर आप यहां की क्षेत्रीय राजनीति में दिलचस्पी रखते होंगे तो आपको यह पता होगा कि यहां पर बाहुबली सूरजदेव सिंह का वर्चस्व रहा है। हालांकि फिलहाल यहां बीजेपी के संजीव सिंह विधायक थे लेकिन इसके बाद भी विधायक साहब अपने चचेरे भाई नीरज सिंह की हत्या के आरोप में जेल में बंद हैं।
झारखंड चुनाव में आमने सामने थी एक ही घर की दो बहुएं
इस वजह से भाजपा पार्टी ने उनकी उनकी पत्नी रागिनी सिंह को टिकट दिया, जिसके बाद कांग्रेस की ओर से मैदान में थीं नीरज सिंह की पत्नी पूर्णिमा सिंह। चुनाव में दोनों बहुओं ने पूरी मेहनत झोंकी लेकिन नतीजें बता रहे हैं कि देवरानी, जेठानी पर भारी पड़ी हैं। झारखंड विधानसभा चुनाव में धनबाद की झरिया सीट से जो नतीजे सामने आए वो भाजपा के लिए हैरान कर देने वाले थें, कांग्रेस की पूर्णिमा सिंह ने अपनी जेठानी और बीजेपी प्रत्याशी रागिनी सिंह को 4,913 मतों से हरा दिया है। पूर्णिमा सिंह को 44,599 वोट मिले, जबकि बीजेपी प्रत्याशी रागिनी सिंह के पक्ष में 39,686 वोट पड़े।

जैसा कि हमने पहले भी बताया कि इस क्षेत्र में सूर्यदेव सिंह का वर्चस्व है। ऐसा कहा जाता है कि फिल्म गैंग्स ऑफ वासेपुर में तिग्मांशु धुलिया का किरदार रामाधीर सिंह इन्हीं सूर्यदेव सिंह से प्रेरित था। वहीं आपको बताते चलें कि कांग्रेस और बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़ने वालीं देवरानी-जेठानी इन्हीं सूर्यदेव सिंह की बहुएं हैं। साल 2014 में संजीव सिंह ने नीरज सिंह को हराया था, 2019 में चुनाव में दोनों की पत्नियां चुनावी मैदान में आमने-सामने उतरीं।
बिहार चुनाव पर दिख सकता है झारखंड के नतीजे का असर
आपको बता दें भाजपा नेता संजीव सिंह इस समय जेल में हैं, उन पर अपने चचेरे भाई नीरज सिंह की हत्या का आरोप है। आपको बता दें कि झारखंड विधानसभा चुनाव में इस बार बीजेपी को करारी हार का सामना करना पड़ा है। राज्य में जेएमएम-कांग्रेस-आरजेडी गठबंधन की सरकार बन रही है।

