जेएनयू हिंसा पर ओवैसी ने दिया बड़ा बयान
जेएनयू हिंसा पर ओवैसी ने कहा कि जो कुछ जेएनयू में हुआ वह शर्मिंदगी पूर्ण है। पुलिस पर आरोप लगाते हुए ओवैसी ने कहा कि भारत की राजधानी में इस तरह की गंदी हरकत की जाती है और डेढ़ घंटे तक पुलिस हरकत में नहीं आती है। डेढ़ घंटे तक नकाबपोशों द्वारा दबंगई करने के बाद भी उनपर कोई कार्यवाई नहीं की जाती है। इसके साथ भाजपा पर आरोप लगाते हुए ओवैसी ने कहा कि सत्तारूढ़ पार्टी इन गुंडों को कब तक बचाएगी। उन्होंने कहा कि दिल्ली की लाॅ एंड आॅर्डर के विषय में दिल्ली पुलिस आपको सूचित करती है। सरकार से अपील करते हुए ओवैसी ने कहा कि थोड़ी देर के लिए आप भूल जाइए कि आप बीजेपी के हैं। और देश की राजधानी के माहौल को सुधारने की कोशिश करिए।

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जेएनयू हिंसा पर ओवैसी ने सवाल किया कि राष्ट्रीय राजधानी में इस तरह के हमले करवाकर नरेंद्र मोदी सरकार दुनिया को क्या संदेश देना चाहती है? ओवैसी ने कहा, “यह सुनियोजित हिंसा जिन कायरों ने की, उन्हें निश्चित रूप से सत्ताधारी पार्टी का समर्थन मिला हुआ है। इसमें कोई संदेह नहीं कि शामिल रहे लोगों को सत्ता से हरी झंडी मिली रही होगी।
ओवैसी ने कहा, ‘जेएनयू पर हमला किसी आदमी ने नहीं, बल्कि एलियन ने किया था। वे मंगल और शुक्र ग्रह से आए थे. पुलिस मुख्यालय पर लैंड किया, हमला किया और वापस चले गए।’ इसके साथ ही हमले की जिम्मेदारी लेने वाले संगठन हिंदू रक्षा दल को ओवैसी ने जोकर कहा। असदुद्दीन ओवैसी ने कहा, ‘अगर जेएनयू वाइस चांसलर को शर्म है तो उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए। वे स्टूडेंट के गार्जियन हैं और उनका काम स्टूडेंट को सुरक्षित रखना है। यही पुलिस तब रो रही थी जब उन्हें वकीलों ने पीटा था। फिर इन्होंने जामिया में छात्रों पर हमला किया था। हमले के शिकार स्टूडेंट पर ही मुकदमा दर्ज कर दिया गया। यह पूरी तरह नाइंसाफी है। ‘

